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Naveen Goyal – दिल्ली में दंगा करने वालों को बेनकाब करना जरूरी

naveen goyal

 

Viral Sach – गुरुग्राम : भाजपा युवा नेता Naveen Goyal ने गणतंत्र दिवस पर दिल्ली में हुई घटना की निंदा करते हुए कहा कि यह काम किसानों का नहीं है। किसानों के भेष में जिन लोगों ने दिल्ली में जो हंगामा किया है, वह किसी भी तरह से सभ्य नहीं कहा जा सकता।

बेशक शरारती तत्वों ने माहौल खराब करने के प्रयास किए हों, लेकिन देश की जनता प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी में विश्वास करती है।

यहां जारी बयान में नवीन गोयल ने कहा कि सरकार इतने दिनों से धरने पर बैठे किसानों के साथ बातचीत करके तीन अध्यादेश पर बीच का रास्ता निकाल रही थी। सरकार की मंशा साफ थी कि किसानों को जब तक पूरी तरह से संतुष्ट ना कर दे, तब तक अध्यादेश लागू करने को आगे नहीं बढ़ाया जाएगा।

सरकार कभी नहीं चाहती है कि देश के अन्नदाता को नाराज करके किसी भी तरह का अध्यादेश लागू किया जाए। इसके लिए सरकार ने डेढ़ साल का लंबा समय भी किसानों से बातचीत में दिया।

ताकि हर कोई इस अध्यादेश को बारीकी से पढ़ ले, समझ ले। क्योंकि आंदोलन ही करते रहना, किसी बात का हल नहीं है। भाजपा युवा नेता ने कहा कि बार-बार कृषि मंत्री ने किसानों के प्रतिनिधिमंडल से बात करके उन्हें इस अध्यादेश पर अपनी बात रखी है।

यह देश की अस्मिता पर हमला है। लाल किले पर झंडा लगा देने की हिमाकत से पता चलता है कि इसके पीछे बहुत बड़ी साजिश चल रही थी। प्रदर्शनकारियों के सामने पुलिस उन्हें समझाने का प्रयास करती रही, लेकिन शरारत करने वालों ने पुलिस को ही निशाना बनाया।

यह सब दंगे करने के लिए उकसाने की कार्यवाही थी। गणतंत्र दिवस पर शांतिपूर्वक मार्च की बात कहकर राजधानी में जो बवाल किया गया है, वह किसानों का काम नहीं हो सकता।

किसानों की आड़ में शरारती तत्वों ने यह काम किया है। सरकार ने कुछ लोगों की तो पहचान कर ली है। बाकी की भी पहचान की जा रही है। नवीन गोयल ने कहा कि सरकार ऐसे तत्वों से सख्ती से निपटे।

साथ ही उन्होंने कहा कि देश की जनता का जो विश्वास प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी में है, वह किसी भी कीमत पर डगमगा नहीं सकता।

Translated by Google 

Viral News – Gurugram: BJP youth leader Naveen Goyal, while condemning the incident in Delhi on Republic Day, said that this is not the work of the farmers. The ruckus created by the people in the guise of farmers in Delhi cannot be called civilized in any way.

Undoubtedly mischievous elements may have tried to vitiate the atmosphere, but the people of the country have faith in Prime Minister Narendra Modi.

In a statement issued here, Naveen Goyal said that the government was finding a middle way on the three ordinances after negotiating with the farmers sitting on strike for so many days. The government’s intention was clear that until the farmers are completely satisfied, the implementation of the ordinance will not be taken forward.

The government never wants that any kind of ordinance should be implemented by angering the food provider of the country. For this, the government also gave a long time of one and a half years in talks with the farmers.

So that everyone should read this ordinance closely, understand it. Because just doing agitation is not the solution to anything. The BJP youth leader said that repeatedly the Agriculture Minister, after talking to the farmers’ delegation, has put forth his views on this ordinance.

This is an attack on the identity of the country. The audacity of hoisting the flag on the Red Fort shows that a big conspiracy was going on behind it. The police kept trying to pacify them in front of the protesters, but the miscreants targeted the police.

All this was an act of incitement to riot. The uproar created in the capital by talking about a peaceful march on Republic Day cannot be the work of the farmers.

Mischievous elements have done this work in the guise of farmers. The government has identified some people. The rest are also being identified. Naveen Goyal said that the government should strictly deal with such elements.

At the same time, he said that the faith of the people of the country in Prime Minister Narendra Modi cannot be shaken at any cost.

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