अनुसूचित जाति एवं पिछड़ा वर्ग कल्याण मंत्री डॉक्टर बनवारी लाल ने रखी भगवान परशुराम मंदिर की नींव

अनुसूचित जाति एवं पिछड़ा वर्ग कल्याण मंत्री डॉक्टर बनवारी लाल ने रखी भगवान परशुराम मंदिर की नींव

गुरुग्राम,(प्रवीन कुमार) : बसंतोत्सव की पावन बेला पर ब्राह्मण समाज ने सर्व समाज के लिए सामाजिक समरसता की मिसाल पेश की। बसई रोड स्थित भगवान परशुराम वाटिका में भगवान परशुराम मंदिर की नींव प्रदेश के अनुसूचित जाति, जनजाति एवं पिछड़ा वर्ग मंत्री डॉक्टर बनवारी लाल ने रख समाज को नई प्रेरणा दी। इस अवसर पर नवनिर्मित भगवान परशुराम भवन का लोकार्पण भी किया गया।

Dr. Banwari Lal

आदर्श ब्राह्मण सभा की ओर से आयोजित भवन लोकार्पण एवं मंदिर शिलान्यास कार्यक्रम में डॉक्टर बनवारी लाल के अलावा प्रदेश के बिजली मंत्री रणजीत सिंह चौटाला, परिवहन मंत्री मूलचंद शर्मा ने बतौर मुख्यातिथि शिरकत की। पूर्व मंत्री रामबिलास शर्मा, राव नरबीर सिंह, हरियाणा विधानसभा की पूर्व डिप्टी स्पीकर संतोष यादव, आरएसएस के प्रांत सर संघ चालक पावन जिंदल, हरियाणा प्रांत विद्या भारती के अध्यक्ष डीपी भारद्वाज, पूर्व राज्यसभा सांसद के प्रतिनिधि नागेन्द्र कौशिक विशिष्ठ अतिथि के तौर पर कार्यक्रम में शामिल हुए। जबकि कार्यक्रम कि अध्यक्षता कई सामाजिक एवं धार्मिक संस्थाओं में अहम जिम्मेदारी संभाल रहे जीएल शर्मा ने कि। कार्यक्रम में सभी वक्ताओं ने भगवान परशुराम को सामाजिक समरसता का जनक बताया। इन लोगों ने कहा कि भगवान परशुराम सामाजिक समरसता के जनक थे।

भगवान परशुराम ने समाज की सामाजिक समरसता की प्रेरणा दी। इसलिए आज जरूरत इसी बात की है कि हम उनके बताए मार्ग पर चलकर सामाजिक समरसता को बढ़ावा देते हुए भारत की फिर से विश्व गुरु बनाने की दिशा में सार्थक पहल करें। बनवारी लाल, चौधरी रणजीत सिंह, मूलचंद शर्मा ने कहा कि आज के कार्यक्रम में विप्र समाज ने सर्व समाज हिताय की भावना को चरितार्थ किया है।

आधुनिक सुविधाओं से लैस भगवान परशुराम भवन एक जाति विशेष के लिए नहीं बल्कि सर्व समाज के हित के लिए तैयार किया गया है। गुड़गांव जैसे मंहगे शहर में किसी भी जाति का व्यक्ति या संस्था भवन को सामाजिक व सामूहिक कार्यों के लिए इस्तेमाल कर सकते हैं। इन लोगों ने कहा कि महापुरुष एक समाज का नहीं बल्कि सर्व समाज का होता है। इसलिए उनकी शिक्षाएं सभी के लिए प्रेरणा दायक होती है। उनके बताए मार्ग पर चलकर ही सर्व समाज का हित कर सकते हैं। भारतीय संस्कृति में निज हित की कहीं भी बात नहीं की गई।

वसुधेव कुटुंबकम् की भावना भारत ने ही विश्व को दी है। इससे पूर्व आदर्श ब्राह्मण सभा की ओर से सभी अतिथियों स्वागत किया। कार्यक्रम को सफल बनाने में आदर्श ब्राह्मण सभा के मुख्य संरक्षक योगेश कौशिक, अध्यक्ष रामनिवास वत्स, राजकिशन कौशिक, सचिव रंजन शर्मा, महेश वशिष्ठ, नरोत्तम वत्स, अनिल अत्री, सुमित शर्मा, राजेश शर्मा सहित बड़ी संख्या में विप्र बंधुओं ने अपना सहयोग दिया। कार्यक्रम में भवन और मंदिर निर्माण में सहयोग देने वाले साथियों के साथ सर्व समाज के गणमान्य जनों को सम्मानित भी किया गया।

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